मैं ने 2007 मे चिट्ठाकारी शुरू करी थी,
लेकिन मेरे कविता की गलतियों के कारण
मैं ने आगे कुछ नहीं लिखा.
मित्रगन माफ करें. भाषा काफी सुधर गई है.
आगे लिखने के लिये मेरी मदद कीजिये.
मैं कई विशयों पर लिखना चाहती हूँ.
खास कर रिसर्च करते समय कितना
शोषण होता है इस बात पर. मेरा मतलब
विद्यार्थिनीयों के शोषण से है.
यदि आप का प्रोत्साहन मिला तो मैं लिखूंगि.
सब कुछ लिखूंगि. कुछ नही छुपाऊगी.
क्या मुझे प्रोत्साहन देंगे. कोई मेरी भाषा
सुधारने में मदद करेगे क्या.
आपके जवाब मिलने के बाद अगला पोस्ट शुरू करूंगी.
